Translate

तेनुघाट व्यवहार न्यायालय परिसर में 13 जून को शोक सभा का आयोजन किया गया।

मो० शबा की रिपोर्ट 

तेनुघाट --- तेनुघाट व्यवहार न्यायालय परिसर में 13 जून को शोक सभा का आयोजन किया गया। शोक सभा में तेनुघाट के वरीय अधिवक्ता मो सुल्तान अंसारी के निधन पर शोक प्रकट किया गया। आयोजित शोक सभा में जिला जज प्रथम फहीम किरमानी, अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष कामेश्वर मिश्रा सहित अधिवक्तागण शामिल थे। जानकारी के अनुसार व्यवहार न्यायालय परिसर में जिला जज प्रथम फहीम किरमानी ने शोक सभा को संबोधित करते हुए कहा कि दिवंगत मो सुल्तान अंसारी जो इस्लाम टोला साड़म निवासी थे। वे सीसीएल स्वांग वाशरी में श्रम पदाधिकारी के पद पर कार्य करते हुए सेवा निवृत होने के बाद वर्ष 2005 से तेनुघाट में वकालत शुरू की। वे जिनका निधन 12 जून की रात को हुआ। उनके निधन से सभी मर्माहत है। भगवान उनकी आत्मा को शांति प्रदान करें। इससे पूर्व अधिवक्ता संघ भवन में संघ के अध्यक्ष कामेश्वर मिश्रा की अध्यक्षता में शोक सभा की गई। शोक सभा को संबोधित करते हुए अध्यक्ष श्री कामेश्वर मिश्रा ने कहा कि दिवंगत मो सुल्तान अंसारी जो वर्ष 2005 से वकालत शुरू किए। वे बहुत ही मिलनसार व्यक्तित्व थे। वे सभी से सुख दु:ख में मिलते रहते थे। वे अपने पीछे तीन पुत्र, दो पुत्री सहित भरा पूरा परिवार छोड़ गए हैं। आगे श्री मिश्रा ने बताया कि दिवंगत मो सुल्तान अंसारी के परिवार को संघ द्वारा मिलने वाली आर्थिक मदद की जाएगी। इस अवसर पर संघ के उपाध्यक्ष वेंकट हरि विश्वनाथन ने बताया कि संघ के वरीय सदस्य मो सुल्तान अंसारी के निधन पर 13 जून को संघ के सदस्य ने अपने आप को न्यायिक कार्यों से अलग रखा। शोक सभा में तेनुघाट व्यवहार न्यायालय के जिला जज द्वितीय सूर्य मणि त्रिपाठी, जिला जज तृतीय नीरज कुमार, एसीजेएम मनोज कुमार प्रजापति, सब जज द्वितीय राज कुमार पांडेय, मुंसिफ शिवराज मिश्रा, प्रथम श्रेणी न्यायिक दंडाधिकारी दिग्विजय नाथ शुक्ला, अधिवक्ता संघ के संयुक्त सचिव प्रशासन शंकर ठाकुर, संयुक्त सचिव पुस्तकालय राकेश कुमार, कोषाध्यक्ष आनंद कुमार श्रीवास्तव सहित संघ के अधिवक्तागण मौजूद थे। शोक सभा में शामिल सभी गणमान्य जनों ने दो मिनट का मौन रख कर दिवंगत आत्मा की शांति के लिए भगवान से प्रार्थना की।

Post a Comment

0 Comments